योगी के नेतृत्व में चुनाव लड़ेंगे, जौहर यूनिवर्सिटी विवाद सपा की देन: ओम प्रकाश राजभर
यूपी के बलिया दौरे पर पहुंचे राज्य मंत्री और सुभासपा के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव पर तीखा हमला किया। जौहर विश्वविद्यालय पर बुलडोज़र कार्रवाई का जिक्र करते हुए राजभर ने कहा कि यह समस्या सपा शासनकाल की देन है। उनका आरोप था कि जब सपा की सरकार थी तब यह विश्वविद्यालय सरकारी जमीन पर बना और ऐसे में इसकी जमीन को खतौनी में सही तरीके से दर्ज कराया जाना चाहिए था।
राजभर ने आगे कहा कि सरकार पहले से जानती थी कि नियमों का उल्लंघन होने पर बाद में कार्रवाई होगी। उन्होंने बताया कि यदि किसी संपत्ति का रिकार्ड कागज़ पर दर्ज है तो उस मामले में नगर निगम की भूमिका होती है, न कि सीधे सरकार की व्यक्तिगत संपत्ति का प्रश्न बनता है।
चुनाव संबंधी सवालों पर राजभर ने कहा कि 2027 का चुनाव मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में लड़ा जाएगा। उन्होंने BJP के राष्ट्रीय नेतृत्व के निर्णय का सम्मान करने की बात कही और स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री का चयन भाजपा करती है, सुभासपा नहीं।
उपमुख्यमंत्री पद के संभावित दावेदार बनाए जाने के बारे में पूछे जाने पर राजभर ने टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर किसी को उपमुख्यमंत्री बनाया जाएगा तो वह बनाएंगे; हर समर्थक यही चाहता है कि उसका नेता आगे बढ़े।
अखिलेश यादव की रथयात्रा की घोषणा पर प्रतिक्रिया देते हुए राजभर ने कुरआन या नमाज के संदर्भ में उठाए गए बयानों की ओर इशारा किया और कहा कि कुछ लोगों ने अखिलेश की तुलना भगवान कृष्ण से की है। उन्होंने कहा कि अगर किसी मौलाना के बयान के अनुसार कृष्ण ‘पाँच वक्त की नमाज़’ पढ़ते थे तो उस तर्क के आधार पर विवाद खड़ा हो सकता है और ऐसे बयानों पर कार्रवाई विचारणीय होनी चाहिए। राजभर ने रथयात्रा को लेकर कहा कि यह नया नहीं है, वे कई बार रथ देखते रहे हैं और उनकी मान्यता यह है कि रथ से कुछ खास प्रभाव नहीं पड़ेगा; जिन समर्थकों के नारे होते हैं, वे रथ के आगे और पीछे रहें लेकिन अन्य लोग उनके पास नहीं जुटेंगे।